दुर्ग : दुर्ग जिला में भिलाई के सेक्टर 6 क्षेत्र में शुक्रवार देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में रामनगर निवासी युवक दुष्यंत सिन्हा उम्र 20 साल की मौत हो गई. हादसा सतनाम भवन के पास हुआ. जहां तेज रफ्तार ट्रैक्टर और बाइक की जोरदार टक्कर हो गई. टक्कर इतनी भीषण थी कि युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया. जबकि उसका दोस्त गंभीर रूप से घायल हो गया. घायल युवक को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
मिली जानकारी के मुताबिक दुष्यंत सिन्हा अपने दोस्त के साथ पंडित प्रदीप मिश्रा की कथा में शामिल होने गए थे. देर रात दोनों कथा खत्म होने के बाद अपने घर वापस लौट रहे थे. इसी दौरान जब वे भिलाई के सेक्टर-6 स्थित सतनाम भवन के पास पहुंचे. तभी सामने से आ रहे ट्रैक्टर से उनकी बाइक की टक्कर हो गई.
चश्मदीदों के मुताबिक टक्कर इतनी तेज थी कि हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया. आसपास मौजूद लोगों ने फौरन मदद की कोशिश की और घायल युवक को अस्पताल पहुंचाया. वहीं दुष्यंत को गंभीर चोटें आने की वजह से उनकी मौके पर ही मौत हो गई.
हादसे के बाद ट्रैक्टर चालक मौके से फरार हो गया. बताया जा रहा है कि हादसे में शामिल ट्रैक्टर नगर निगम का बताया जा रहा है. हालांकि पुलिस इसकी आधिकारिक पुष्टि और वाहन से जुड़ी जानकारी जुटाने में लगी हुई है. पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है.
भिलाई नगर थाना पुलिस हादसे की पूरे हालात का पता लगाने में जुटी है. पुलिस यह जांच कर रही है कि हादसे के समय ट्रैक्टर कौन चला रहा था और हाडा किस वजह से हुआ. इसके लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा सकती है. ताकि फरार चालक की पहचान की जा सके.
दुष्यंत की मौत की खबर मिलने के बाद उसके परिवार और परिचितों में शोक का माहौल है. परिजनों का कहना है कि दुष्यंत सामान्य दिन की तरह कथा में शामिल होने गया था. लेकिन वापस घर नहीं लौट सका. हादसे ने परिवार को गहरा सदमा दिया है.
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक मामले में वाहन की पहचान और चालक की तलाश की जा रही है. साथ ही हादसे से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है. अगर लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.
सड़क हादसे लगातार चिंता का विषय बने हुए हैं. खासकर रात के समय तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाने के कारण कई लोग अपनी जान गंवा रहे हैं. इस हादसे के बाद एक बार फिर सड़क सुरक्षा और भारी वाहनों के संचालन को लेकर सवाल उठने लगे हैं.
2026-08-23










