उरमाल में रथयात्रा के दौरान बड़ा हादसा, झोपड़ीनुमा छप्पर गिरने से 9 लोग घायल
गरियाबंद/देवभोग : गरियाबंद जिले के उरमाल ग्राम में रथयात्रा के दौरान उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब कार्यक्रम स्थल पर बना झोपड़ीनुमा छप्पर (चाल) अचानक भरभराकर गिर गया. हादसे में 6 लोग घायल हो गए. राहत की बात यह रही कि किसी तरह की जनहानि नहीं हुई और सभी लोगों की जान बच गई.
घायलों में रोहित सिन्हा (उम्र 28 साल, धोरकोट), प्रीतिवास (उम्र 27 साल, उरमाल), तिलेश्वर सोनवानी (उम्र 30 साल बेहरामुड़ा, दो वर्षीय एक बच्ची, चार वर्षीय एक बच्ची.. वही इस हादसे में मुनगापदर निवासी होरेंद्र सिंह मरकाम का कान कटने से छः टाके लगे.
हादसे के बाद ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए सभी घायलों को नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया. स्वास्थ्य केंद्र में ड्यूटी पर तैनात डॉ. सनत कुंभकार (इंचार्ज मेडिकल ऑफिसर) ने सभी का प्राथमिक उपचार किया. जांच के दौरान एक घायल की कमर में गंभीर चोट पाए जाने पर उसे बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर करने की सलाह दी गई.
घटना की खबर के बाद उरमाल के सरपंच खगेश्वर धुव और गौतम कश्यप भी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे जहाँ उन्होंने घायलों का हालचाल जाना. रथयात्रा के दौरान हुए इस हादसे से कुछ समय के लिए कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया. लेकिन ग्रामीणों की सूझबूझ, त्वरित राहत कार्य और स्वास्थ्य विभाग की तत्परता से स्थिति जल्द ही सामान्य हो गई.
पुरी रथ यात्रा में भगदड़, 2 श्रद्धालुओं की मौत, 150 से ज्यादा अस्पताल में भर्ती
भुवनेश्वर : ओडिशा के पुरी में गुरुवार को रथ यात्रा उत्सव के दौरान भगदड़ मचने पर दम घुटने से 2 श्रद्धालुओं की मौत हो गई. हालांकि प्रशासन की तरफ से अभी तक श्रद्धालुओं की मौत या भगदड़ जैसी स्थिति की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है. घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण को लेकर प्रशासन सतर्क हो गया. चश्मदीदों के मुताबिक पुरी में रथ यात्रा के दौरान मरीचि कुंड चौक के पास अचानक अफरा-तफरी का माहौल बन गया. एक श्रद्धालु ने बताया कि बाहरी घेरे की रस्सी वाली बैरिकेडिंग गिर गई या फिर कुछ श्रद्धालु भीड़ के दबाव की वजह से अपना संतुलन खो बैठे और सड़क पर गिर गए.
इस दौरान करीब 40 से 50 लोग एक-दूसरे के ऊपर गिर गए. जिससे कई श्रद्धालुओं को चोटें आईं. घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों और सुरक्षाकर्मियों ने तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया. कई लोगों को भीड़ से बाहर निकालकर एंबुलेंस और अस्पताल तक पहुंचाया गया. 2 श्रद्धालुओं की दम घुटने के कारण मौत हो गई.
वहीं, सूत्रों के हवाले से यह भी जानकारी सामने आई है कि गुरुवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और लगातार बारिश के बीच करीब 150 लोगों को घुटन, चोट और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं के कारण पुरी के अस्पतालों और अस्थायी स्वास्थ्य केंद्रों में भर्ती कराया गया है.
पुरी में हर साल आयोजित होने वाली भगवान जगन्नाथ की यह रथ यात्रा दुनिया के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में शामिल है. गुरुवार को पवित्र तटीय शहर में रथ यात्रा की शुरुआत निर्धारित समय से पहले ही भगवान जगन्नाथ, भगवान बलभद्र और देवी सुभद्रा के लिए आयोजित ‘पहंडी बीजे’ अनुष्ठान के साथ हुई.











