महासमुंद : छत्तीसगढ़ के वनांचल जिले महासमुंद में अपराध की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही है. बसना थाना क्षेत्र में पुलिस ने बड़ी वारदात को अंजाम देने से पहले हथियारबंद गैंग को दबोचने में कामयाबी हासिल की है. आरोपियों के कब्जे से एक देसी कट्टा, 3 जिंदा कारतूस, 3 लाख 25 हजार रुपये नगद और 4 मोबाइल बरामद किए गए हैं. पुलिस ने कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपियों में 3 एमपी के और 1 यूपी का रहने वाला है.
रविवार रात की घटना
रविवार 9 अगस्त की रात को पलसापाली बैरियर पर वाहनों की सघन जांच हुई. इस दौरान ओडिशा की तरफ से आ रही बिना नंबर की सफेद रंग की कार को महासमुंद पुलिस के जवानों ने रोका. तलाशी लेने पर कार के डैशबोर्ड और सीट के पास से पुलिस को एक देसी कट्टा और 3 जिंदा कारतूस मिले. पुलिस की टीम ने 3 लाख 25 हजार रुपये भी बरामद किए.
ओडिशा से लौट रहे थे सभी
पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे ओडिशा के बलांगीर से गांजा खरीदने आए थे. पुलिस के मुताबिक रास्ते में किसी बाधा को दूर करने और जान से मारने की नीयत से हथियार साथ रखकर घूम रहे थे. गांजा सप्लायर से संपर्क नहीं होने की वजह से वे बिना गांजा लिए वापस लौट रहे थे.
पूछताछ में आरोपियों द्वारा ओड़िशा के बलांगीर से गांजा खरीदने के लिए आने और रास्ते में पुलिस या किसी अन्य बाधा को दूर करने के मकसद से हथियार रखने की बात सामने आई है. पुलिस की सतर्कता से एक बड़ी आपराधिक वारदात को होने से पहले ही रोक लिया गया. मामले में आरोपियों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जा रही है. गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और इनके आपराधिक नेटवर्क के बारे में भी पूछताछ की जा रही है – सुशील कुमार नायक, एएसपी, महासमुंद
आरोपी यूपी और एमपी के निवासी
गिरफ्तार आरोपियों में उमाशंकर शर्मा, आकाश काकर शर्मा उर्फ गोलू और शिवम शर्मा मध्यप्रदेश के रहने वाले हैं. ये तीनों एमपी के भिंड निवासी हैं. जबकि शनि सिंह उर्फ संदीप यूपी आगरा का रहने वाला है. महासमुंद की बसना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज किया है.
2026-08-10










