जल जीवन मिशन के काम में देरी करने वाले ठेकेदारों को ब्लैक लिस्ट किया जाएगा। साथ ही, अमानत राशि भी राजसात की जाएगी। समय सीमा से पीछे चल रहे ठेकेदारों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए हैं। पीएचई के चीफ इंजीनियर एचआर मर्सकोले ने शुक्रवार को मंथन सभाकक्ष में जल जीवन मिशन के कामकाज की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने सभी एजेंसियों और ठेकेदारों को मिशन मोड पर काम करने पर जोर दिया, जिससे निर्धारित समय सीमा में सभी प्रोजेक्ट पूरे हों।
कामकाज की गुणवत्ता का भी ध्यान रखने कहा गया। चीफ इंजीनियर ने जब कामकाज की रिपोर्ट ली तो धीमी गति पर उन्होंने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि जो ठेकेदार अपना काम समय पर पूरा नहीं कर पा रहे हैं, काम की गति बहुत धीमी है, उन्हें तत्काल नोटिस जारी करें। चीफ इंजीनियर ने कहा कि नोटिस देने के बाद भी यदि काम में सुधार नहीं आता है तो अनुबंध समाप्त करें। एक हफ्ते में प्रमाणीकरण का टास्क: चीफ इंजीनियर ने सभी कार्यपालन अभियंता, सहायक अभियंता और उप अभियंताओं केा एक हफ्ते में अभियान चलाकर हर घर जल का प्रमाणीकरण करने पर जोर दिया। उन्होंने सभी इंजीनियरों को काम में तेजी लाने के निर्देश दिए। साथ ही, ऐसे गांव जहां 90 से 100% काम पूरा हो चुका है, वहां प्रमाणीकरण के लिए अभियान चलाने कहा।











