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गौरेला-पेंड्रा-मरवाही : पेंड्रा नगर पालिका परिषद में शासन द्वारा मनोनीत पांच एल्डरमैनों के शपथ ग्रहण को लेकर शुक्रवार को दिनभर राजनीतिक हलचल बनी रही. सुबह 11 बजे निर्धारित शपथ ग्रहण समारोह अंतिम समय में स्थगित कर दिए जाने से प्रशासन और राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया. हालांकि देर शाम प्रशासन और भाजपा संगठन की पहल के बाद सभी पांचों एल्डरमैनों को सादे समारोह में पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई.
मिली जानकारी के मुताबिक शासन द्वारा मनोनीत एल्डरमैनों का शपथ ग्रहण 24 जुलाई को सुबह 11 बजे नगर पालिका परिषद कार्यालय में होना तय था. कार्यक्रम के लिए निमंत्रण पत्र जारी किए जा चुके थे और संबंधित जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों को सूचना भी दे दी गई थी. तय समय पर पेंड्रारोड एसडीएम, नगर पालिका के मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ), नगर पालिका अध्यक्ष सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी कार्यक्रम स्थल पर पहुंच गए थे. लेकिन ऐन मौके पर समारोह स्थगित कर दिया गया. जिससे उपस्थित लोगों में असमंजस की स्थिति बन गई.
कार्यक्रम टलने के बाद पूरे दिन इसके पीछे की वजह को लेकर राजनीतिक चर्चाएं होती रहीं. सूत्रों के मुताबिक, भाजपा संगठन के कुछ पदाधिकारियों और निर्वाचित पार्षदों ने कार्यक्रम के आयोजन और आमंत्रण प्रक्रिया को लेकर नाराजगी जताई थी. बताया जा रहा है कि कार्यक्रम की तैयारी में संगठन की अपेक्षित भागीदारी नहीं होने से असंतोष पैदा हुआ. जिसके चलते आखरी समय में समारोह स्थगित करना पड़ा.
मामले ने तूल पकड़ने के बाद भाजपा की छवि पर उठ रहे सवालों को देखते हुए जिला भाजपा अध्यक्ष ने प्रशासन से चर्चा कर उसी दिन शपथ ग्रहण कराने का आग्रह किया. इसके बाद देर शाम करीब 8 बजे सभी मनोनीत एल्डरमैनों को दोबारा नगर पालिका परिषद बुलाया गया और सादे समारोह में उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई.
देर शाम आयोजित समारोह में भाजपा जिला अध्यक्ष, पार्टी पदाधिकारी, कार्यकर्ता, जिला पंचायत अध्यक्ष, जिला पंचायत उपाध्यक्ष, नगर पालिका परिषद पेंड्रा के अध्यक्ष, पेंड्रारोड एसडीएम सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे. कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ और सभी औपचारिकताएं पूरी की गईं.
सुबह प्रस्तावित कार्यक्रम में मरवाही विधायक प्रणव कुमार मरपच्ची के शामिल होने की संभावना जताई जा रही थी. लेकिन देर शाम आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में वे मौजूद नहीं रहे. दिनभर चले इस घटनाक्रम ने जिले की राजनीति में हलचल बनाए रखी और एल्डरमैनों का शपथ ग्रहण चर्चा का विषय बना रहा.

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