बालोद : बालोद जिले के डौंडीलोहारा स्थित शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला में सातवीं कक्षा के 12 साल के छात्र के साथ कथित मारपीट का मामला सामने आया है. छात्र के पिता की शिकायत पर डौंडीलोहारा पुलिस ने स्कूल के शिक्षक लोकेश्वर निषाद के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2) और 296 के तहत जुर्म दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
छुट्टी के बाद दोबारा स्कूल पहुंचा था छात्र
पुलिस में दर्ज शिकायत के मुताबिक 20 जुलाई को छुट्टी के बाद छात्र दोबारा कक्षा में गया था. आरोप है कि एक पीरियड पूरा होने के बाद बाथरूम ब्रेक के दौरान छात्र करीब एक मिनट की देरी से कक्षा में वापस पहुंचा. इसी बात को लेकर शिक्षक और छात्र के बीच विवाद हुआ.
छात्र के पिता ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया कि शिक्षक ने छात्र के साथ गाली-गलौज की और उसके हाथ से छाती पर मारपीट की. शिकायत में छात्र के सिर को दीवार की ओर टकराने का भी आरोप लगाया. हालांकि मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी.
सिर में दर्द और सूजन की शिकायत, अस्पताल में कराया इलाज
घटना के बाद छात्र ने अपने रिश्तेदारों को कथित मारपीट की जानकारी दी. शिकायत के मुताबिक छात्र ने सिर में दर्द और सूजन होने की बात बताई. जिसके बाद रात में रिश्तेदारों ने घरेलू उपचार किया. अगले दिन 21 जुलाई को छात्र को डौंडीलोहारा के शासकीय अस्पताल ले जाया गया. जहां उसका इलाज कराया गया.
छात्र के पिता का कहना है कि कथित घटना के समय कक्षा में मौजूद अन्य विद्यार्थियों ने पूरी घटना को देखा और सुना था. उन्होंने पुलिस से मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की है. शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि घटना के बाद छात्र डरा हुआ है और स्कूल जाने से इंकार कर रहा है.
शिक्षक के खिलाफ BNS की धाराओं में मामला दर्ज
डौंडीलोहारा थाना पुलिस ने परिजनों की शिकायत के आधार पर शिक्षक लोकेश्वर निषाद के खिलाफ BNS की धारा 115(2) और 296 के तहत मामला दर्ज किया है. पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है. जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों, संबंधित लोगों के बयान और अन्य सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
FIR के बाद शिक्षक संगठनों ने जताई आपत्ति
इधर शिक्षक के खिलाफ FIR दर्ज होने के बाद शिक्षक संगठनों ने नाराजगी जताई है. संगठनों का कहना है कि इस तरह के मामलों में पहले विभागीय स्तर पर जांच की जानी चाहिए थी. उनका आरोप है कि विभागीय जांच के बिना सीधे FIR दर्ज करना उचित प्रक्रिया नहीं है.
शिक्षक संगठनों ने मामले को लेकर जल्द कार्ययोजना तैयार करने और जरूरत पड़ने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी है. हालांकि पुलिस का कहना है कि मामला छात्र के परिजनों की शिकायत के आधार पर दर्ज किया गया है और जांच के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी. फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है. छात्र के बयान, स्कूल में मौजूद अन्य विद्यार्थियों और संबंधित लोगों से पूछताछ और उपलब्ध सबूतों के आधार पर पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी.
2026-07-22











