रायगढ़ : पूंजीपथरा पुलिस ने ग्राम तराईमाल के धनवारपारा स्थित किराए के मकान में मिले गनपती लाल भगत उम्र 50 साल के शव के मामले में महज 48 घंटे के भीतर सनसनीखेज अंधे कत्ल का खुलासा कर दिया। प्रारंभिक तौर पर संदिग्ध हालत में हुई मौत होने वाले इस मामले में पुलिस ने जांच, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पूछताछ के आधार पर हत्या की साजिश का पर्दाफाश करते हुए मृतक की पत्नी और दो नाबालिग लड़कों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा है. मामला मृतक के शराबखोरी और जमीन मुआवजा में मिले रकम को लगातार शराब में खर्च करने को लेकर सामने आया है.
मिली जानकारी मुताबिक 25 जुलाई 2026 को मृतक के दामाद सोनसाय उरांव उम्र 27 साल ने थाना पूंजीपथरा में खबर दिया कि उसके ससुर गनपती लाल भगत उम्र 50 साल का शव किराए के कमरे में तख्त पर पड़ा है. शव के गले में साड़ी जैसा कपड़ा बंधा था और बाएं हाथ की कलाई पर कटने के निशान थे.
इस रिपोर्ट पर पुलिस ने मर्ग कायम कर पंचनामा कार्रवाई की और पोस्टमार्टम कराया. घटनास्थल और हालात को देखते हुए मामला संदिग्ध मालूम हुआ. जिस पर पुलिस ने हत्या की आशंका के आधार पर जांच शुरू की. मृतक के शर्ट पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर भी हत्या की पुष्टि हुई.
जांच के दौरान पुलिस को मृतक के परिवार पर शक हुआ. मृतक की पत्नी गंगाबाई भगत से सघन पूछताछ की गई. जिसमें उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया. उसने बताया कि करीब एक साल पहले पैत्रिक जमीन गारे पेलमा माइंस में अधिग्रहण होने पर बटवारे में 25-30 लाख रूपये इसके पति को बटवारे में मिला था. जिसे धीरे-धीरे का शराब में उठा रहा था. मांगने पर विवाद करता था. 23 जुलाई 2026 की सुबह गनपती लाल भगत शराब के नशे में घर पहुंचा और पत्नी और बच्चों के साथ मारपीट करने लगा. सालों से घरेलू हिंसा, प्रताड़ना और गारे-पेलमा कंपनी में मुआवजा रकम को लगातार निकाल कर उठा रहा था.
जिससे परेशान होकर गुस्से में गंगाबाई तथा दो अन्य नाबालिग लड़कों ने मिलकर साड़ी और गमछे से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी. हत्या के बाद पुलिस को गुमराह करने और घटना को खुदकुशी दर्शाने के मकसद से ब्लेड से मृतक की बाईं कलाई की नस काटी गई और उस पर कपड़ा ढंक दिया गया.
पूछताछ में मिले तथ्यों, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य सबूतों के आधार पर पुलिस ने आरोपिया गंगाबाई भगत उम्र 45 साल और दो नाबालिग बालकों के खिलाफ धारा 103(1), 238 एवं 3(5) भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत जुर्म दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया.
2026-07-27











