शादी एक ऐसा बंधन है जिसके बाद लड़का-लड़की के जीवन में कई सारे बदलाव आते हैं। कुछ बदलाव आसानी से मैनेज हो जाते हैं, तो वहीं कुछ बातों को लेकर हमेशा ही बहस होती रहती है। बेशक बचपन की आदतों को एकदम से बदल पाना थोड़ा मुश्किल होता है लेकिन कोशिश तो की ही जा सकती है। लेकिन कुछ समस्याएं ऐसी हैं जिसके बारे में बातचीत शुरू करते ही नोकझोंक शुरू हो जाती है। इन छोटी-छोटी बातों पर लड़ाई-झगड़े का असर धीरे-धीरे आपके रिश्ते पर पड़ने लगता है। इसलिए बेहद जरूरी है शादी से पहले कुछ बातों को क्लियर कर लेना। जिससे बाद में किसी तरह का पछतावा न हो।
नेचर…
इसका अंदाजा कई बार आपको एक-दो मुलाकातों में नहीं लगेगा, लेकिन यही जानने के लिए शादी से पहले आप दोनों मीटिंग करें। एक-दूसरे का नेचर जानना बेहद जरूरी है। अगर आपका होने वाले पार्टनर ईगोइस्टिक है, बहुत ज्यादा गुस्से वाला है, लड़कियों का सम्मान नहीं करता, तो ये आपके लिए फ्यूचर में सिरदर्द बन सकता है। वहीं लड़कियों की भी कुछ आदतें लड़कों को बिल्कुल नहीं भाती, तो मुलाकात के दौरान इन चीज़ों पर बात की जा सकती है और रिलेशनशिप में आने वाली परेशानियों को हैंडल किया जा सकता है।
करियर…
अगर आप वर्किंग लेडी हैं, तो शादी से पहले ये जरूर क्लियर कर लें कि शादी के बाद आपके होने वाले पति और ससुराल को इससे कोई आपत्ति तो नहीं। क्योंकि आज भी कई परिवार महिलाओं के बाहर काम करने को सही नहीं मानते। ऐसे में जबरदस्ती काम करने के डिसीज़न से लड़ाई-झगड़े होने लाजमी हैं। पहले से ये बात क्लियर रहेगी तो बहस होने की आशंका कम रहेगी और आपको अपने डिसीज़न पर पछतावा भी नहीं होगा।
बच्चे की प्लानिंग…
शादी के बाद पति-पत्नी पर परिवार और रिश्तेदार बच्चे का प्रेशर डालने लगते हैं जो एक अलग ही तरह का मेंटल प्रेशर होता है। कई बार तो पार्टनर की भी यही सोच होती है कि जल्दी बच्चा करके काम खत्म किया जाए। तो इस मुद्दे पर भी शादी से पहले ही राय-मशविरा कर लें क्योंकि अगर शादी के बाद परिवार वालों के साथ पार्टनर ने भी इसकी डिमांड की, तो सिचुएशन संभालना मुश्किल हो जाता है।







